Home उत्तर प्रदेश विधायक और ब्लाक प्रमुख ने एक-एक विद्यालय लिया गोद,बदल जायेगा काया कल्प

विधायक और ब्लाक प्रमुख ने एक-एक विद्यालय लिया गोद,बदल जायेगा काया कल्प

PRAYAGRAJ NEWS: प्रयागराज जनपद में कई बेसिक और सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों की स्थिति चिंताजनक है। विद्यालयों की छतों से पानी टपकता है और छात्रों के लिए डेस्क-बेंच की कमी है। इस समस्या को उजागर करने के लिए दैनिक जागरण ने श्कितने सुरक्षित हैं स्कूल अभियान चलाया। इसके परिणामस्वरूप शासन ने जर्जर भवनों की पहचान करने की प्रक्रिया शुरू की है। कोरांव विधानसभा क्षेत्र में जन प्रतिनिधियों ने स्कूल गोद लेने का निर्णय लिया है। विधायक राजमणि कोल ने संविलयन विद्यालय माड़ी, कोरांव को गोद लेकर नए भवन व अन्य संसाधन उपलब्ध कराने का वादा किया है। कहा विभाग से इस संबंध में बात करके नए सिरे से भवन निर्माण और संसाधन की व्यवस्था की जाएगी। इस कार्य में करीब छह माह का समय लगेगा। यह भी कहा कि विभाग के अधिकारियों से वातां कर विधानसभा संविलियन विद्यालय रामपुर कला की बदलेगी सूरत कोरांव ब्लाक प्रमुख मुकेश कोल ने संविलियन विद्यालय रामपुर कला को गोद लेने की घोषणा की है। कहा, वे अपनी निधि से करीब 25 लाख रुपये इस विद्यालय पर खर्च करेंगे। जरूरत
के अन्य विद्यालयों के लिए भी बजट का प्रबंध करेंगे। स्वयंसेवी संगठनों से भी सहयोग लेने की कोशिश की जाएगी। संविलियन विद्यालय माड़ी में होगी तो नया भवन बनवाएंगे या फिर उसके मरम्मतीकरण से काम चलेगा तो उसे कराया जाएगा। विद्यालय में आठ कक्ष है। चार कमरों की छत से पानी टपकता है। शौचालय भी ठीक नहीं है। कक्षा एक से आठ तक के बच्चे पढ़ते हैं। उनके बैठने के लिए मात्र तीन कक्ष हैं। एक ही कक्षा में दो से तीन कक्षा के विद्यार्थी बैठ रहे है
कितने सुरक्षित हैं स्कूल
प्रयागराज बेसिक शिक्षाधिकारी देवव्रत सिंह के अनुसार प्रयागराज के विद्यालयों को 5.85 करोड़ रुपये की कंपोजिट ग्रांट मिली है। इसके तहत ब्लैक बोर्ड, पेंटिंग, साफ सफाई, इंटरनेट सुविधा सहित अन्य कार्य कराए जाएंगे। जिन स्कूलों में 250 से अधिक बच्चे पढ़ते हैं, वहां आरओ वाटर कूलर के लिए 75 हजार से एक लाख रुपये तक अलग से भेजा जाएगा। प्रत्येक स्कूल में मेडिकल किट रखना भी अनिवार्य होगा। ग्रांट का कम से कम 10 फीसदी हिस्सा स्कूलों की साफ सफाई पर खर्च किया जाएगा। प्रत्येक विद्यालय में भवन की दीवार पर कंपोजिट स्कूल ग्रांट के मद में उपलब्ध व व्यय होने वाली धनराशि का वर्षवार एवं मदवार विवरण अंकित कराया जाएगा।