फोर ई मॉडल (इंफोर्समेंट, इंजीनियरिंग, एजुकेशन, इमरजेंसी केयर) पर रहेगा विशेष फोकस
KAUSHAMBI NEWS: जनपद में राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह (01 जनवरी 2026 से 31 जनवरी 2026) को प्रभावी ढंग से मनाने एवं सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से शुक्रवार को कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा गांधी सभागार में एक आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी रविन्द्र सिंह ने की। बैठक में सड़क सुरक्षा माह को जीरो फैटिलिटी माह के रूप में मनाने का संकल्प लिया गया। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा माह को सफल बनाने के लिए फोर ई—इंफोर्समेंट (प्रवर्तन), इंजीनियरिंग, एजुकेशन (शिक्षा एवं जागरूकता) और इमरजेंसी केयर को समाहित करते हुए समन्वित प्रयास किए जाएं। सड़क सुरक्षा से संबंधित जागरूकता का व्यापक प्रचार-प्रसार विभिन्न माध्यमों से कराया जाए, ताकि आमजन तक संदेश प्रभावी ढंग से पहुंचे। उन्होंने कहा कि माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा संस्थानों में सड़क सुरक्षा से संबंधित चित्रकला, भाषण, नाटक आदि प्रतियोगिताओं का आयोजन कराया जाए। साथ ही जनजागरूकता बढ़ाने के लिए सड़क सुरक्षा पर आधारित नुक्कड़ नाटकों का भी आयोजन किया जाए। जिला पंचायत राज अधिकारी को निर्देशित किया गया कि ग्राम सभाओं की बैठकों में सड़क सुरक्षा पर विशेष रूप से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं, खासकर हाईवे के किनारे बसे गांवों में संवेदनशीलता के साथ अभियान चलाया जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि बिना फिटनेस वाले स्कूली वाहनों का संचालन किसी भी दशा में न किया जाए। शीत ऋतु में घने कोहरे को देखते हुए वाहनों के आगे और पीछे रेट्रो-रिफ्लेक्टिव टेप लगवाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायतों में पब्लिक एड्रेस सिस्टम तथा कूड़ा ले जाने वाले वाहनों के माध्यम से सड़क सुरक्षा से संबंधित जिंगल चलाकर प्रचार-प्रसार कराने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि एआरटीओ एवं पुलिस द्वारा प्रवर्तन की कार्यवाही संवेदनशीलता के साथ की जाए। यदि कोई वाहन चालक सड़क सुरक्षा नियमों का बार-बार उल्लंघन करता है, तो उसके ड्राइविंग लाइसेंस को निरस्त करने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट, चार पहिया वाहन चालकों को सीट बेल्ट अनिवार्य रूप से लगाने, वाहन चलाते समय मोबाइल का प्रयोग न करने तथा नशे की हालत में वाहन न चलाने के प्रति जागरूक किया जाए। जिला पूर्ति अधिकारी को पेट्रोल पंप प्रतिनिधियों से समन्वय कर “नो हेलमेट, नो फ्यूल” अभियान को प्रभावी रूप से लागू कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही हाईवे के किनारे वाहनों की अवैध पार्किंग पर सख्ती से रोक लगाने के लिए निरंतर प्रवर्तन कार्रवाई करने को कहा गया। एनएचआई को निर्देशित किया गया कि हाईवे किनारे स्थित होटलों एवं ढाबों के पास सुरक्षा तार हटाकर बनाए गए अवैध कटों को तत्काल बंद कराया जाए। यदि पुनरावृत्ति होती है तो संबंधित होटल/ढाबा संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। बैठक में अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग, पुलिस क्षेत्राधिकारी, एआरटीओ, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला आबकारी अधिकारी, एनएचआई कानपुर–रायबरेली के पदाधिकारी, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद सदर, टीएसआई सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने सभी विभागों से समन्वय बनाकर सड़क सुरक्षा माह को सफल बनाने की अपील की।







