कप्तानगंज बार एसोसिएशन ने सीएम को भेजा ज्ञापन, बोले- वापस नहीं लिया कानून तो होगा आंदोलन
KUSHINAGAR NEWS: यूपी सरकार द्वारा रजिस्ट्री कार्य को निजी हाथों में सौंपने के फैसले के खिलाफ अब वकीलों ने मोर्चा खोल दिया है। कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन, तहसील कप्तानगंज ने 29 जून 2026 को आपात बैठक कर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को सौंपा। चेतावनी दी कि अगर कानून वापस नहीं लिया गया तो वकील सड़क पर उतरकर बड़ा आंदोलन करेंगे।
स्टाम्प वेंडर-लेखक का रोजगार खत्म होगा
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष हीरा पांडेय की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया। ज्ञापन में कहा गया कि रजिस्ट्री का निजीकरण होने से दस्तावेज लेखक, स्टाम्प वेंडर और मुंशी बेरोजगार हो जाएंगे। इनका पारंपरिक रोजगार पूरी तरह समाप्त हो जाएगा।
फर्जी बैनामे बढ़ेंगे, भ्रष्टाचार की आशंका
एसोसिएशन ने आशंका जताई कि निजी हाथों में रजिस्ट्री जाने से गलत बैनामे और फर्जी दस्तावेजों का खेल बढ़ेगा। इससे भ्रष्टाचार को भी बढ़ावा मिलेगा और आम जनता को भारी परेशानी झेलनी पड़ेगी।
सरकार से कानून वापसी की मांग
महामंत्री उमेश कुमार दुबे ने बताया कि बार एसोसिएशन ने सरकार से निजी करण संबंधी कानून को तत्काल वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन में साफ लिखा है कि अगर मांग नहीं मानी गई तो वकील चरणबद्ध आंदोलन और धरना-प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे। ज्ञापन देने वालों में वरिष्ठ उपाध्यक्ष उदयभान पटेल, कोषाध्यक्ष राजन पांडेय, सतीशचन्द्र गौंड, लालमन सिंह, गोविन्द कुमार समेत कई अधिवक्ता मौजूद रहे।







