SIDHARTHNAGAR NEWS: भारत-नेपाल सीमा पर आपसी सामंजस्य और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु एसएसबी 50वीं वाहिनी बलरामपुर के कमांडेंट संजय कुमार ने मंगलवार देर शाम को बीओपी बढ़नी सभागार में किसानों और पत्रकारों के साथ अलग-अलग समन्वय बैठक की। इस अवसर पर उनके साथ 50वीं वाहिनी बढ़नी के सहायक कमांडेंट संजय केपी और इंस्पेक्टर नरेंद्र सिंह भी मौजूद रहे। बैठक में सीमावर्ती क्षेत्र के किसानों ने लकड़ी कटान से जुड़ी समस्याओं और हाल की कार्रवाइयों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। किसानों को संबोधित करते हुए कमांडेंट संजय कुमार ने स्पष्ट किया कि एसएसबी का उद्देश्य किसी भी वास्तविक किसान को परेशान करना नहीं है। लकड़ी कटान के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि सुरक्षा बल सीमा से 15 किमी के दायरे में अवैध गतिविधियों और तस्करी को रोकने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि वन विभाग द्वारा सूखे पेड़ों के कटान संबंधी नियमों में सरलीकरण हो और किसान वैध कागजात प्रस्तुत करें, तो एसएसबी का उसमें कोई हस्तक्षेप नहीं रहेगा। कमांडेंट ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए कहा कि यदि कोई किसान अपनी निजी जरूरत के लिए एक-दो पेड़ काटता है और वह वास्तविक किसान पाया जाता है, तो उसे अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाएगा। उन्होंने सहायक कमांडेंट और इंस्पेक्टर को निर्देशित किया कि वे किसानों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखें ताकि सुरक्षा और जनहित के बीच बेहतर सामंजस्य बना रहे। किसानों के बाद पत्रकारों से वार्ता करते हुए कमांडेंट ने सीमा पार तस्करी और बढ़नी कस्बे में पैर पसार रहे स्मैक के अवैध कारोबार पर कड़ी चिंता व्यक्त की। उन्होंने पत्रकारों को आश्वस्त किया कि नशे के नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए विशेष टीमें गठित कर दी गई हैं जो पूरी मुस्तैदी से इस कारोबार को जड़ से खत्म करने की दिशा में कार्य कर रही हैं। उन्होंने सीमा की चौकसी के साथ-साथ सामाजिक बुराइयों के खिलाफ लड़ाई में मीडिया और आम जनता से सहयोग की अपील की। बैठक में अनिक अग्रहरि,किसान अकील अहमद, जाकिर हुसैन बब्बू प्रधान, परवेज अहमद, दारा चौधरी, राजू चौधरी, विकास दूबे, मुश्ताक अहमद और हुमैद अहमद सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।







