लंबित समस्याओं का निस्तारण ना होने पर आठ अप्रैल से शुरू होगा धरना
प्रदेश पदाधिकारियों के प्रति असम्मानजनक रवैया है डीआईओएस का- डा हरिप्रकाश यादव
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (एकजुट), जनपद प्रयागराज की बैठक सोमवार को वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष आशीष गुप्ता की अध्यक्षता एवं जिला मंत्री डीपी यादव के संचालन में शहीद चन्द्रशेखर आजाद पार्क में
हुई। बैठक में सर्वसम्मति से जिला विद्यालय निरीक्षक, प्रयागराज के व्यवहार पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई। संघ ने डीआईओएस पर आरोप लगाया है कि प्रदेश पदाधिकारियों के प्रति असम्मानजनक रवैया डीआईओएस ने अपनाया था, जिसे अत्यंत निंदनीय और दुर्भाग्यपूर्ण बताया गया।
वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष आशीष गुप्ता ने कहा कि शिक्षक संगठन सदैव मर्यादा एवं संवाद की परंपरा में विश्वास करता है, किंतु यदि पदाधिकारियों का सम्मान नहीं किया जाएगा तो संगठन इसके खिलाफ लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाने के लिए बाध्य होगा।जिला मंत्री डीपी यादव ने कहा कि
शिक्षकों की समस्याओं को लेकर दिए गए ज्ञापनों पर समयबद्ध कार्रवाई ना होना अत्यंत गंभीर विषय है। यदि शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो संगठन आंदोलन के लिए बाध्य होगा। बैठक में यह भी कहा गया कि शिक्षकों की समस्याओं के समाधान के लिए समय – समय पर दिए गए ज्ञापनों पर समुचित कार्रवाई नहीं हो रही है, जिससे शिक्षकों में रोष व्याप्त है। कुछ मामलों में विभागीय स्तर पर त्रुटिपूर्ण एवं अनुचित कार्यों का समर्थन किए जाने का भी आरोप लगाया गया, जिसे प्रशासनिक निष्पक्षता के खिलाफ बताया गया।
इस दौरान प्रदेश संरक्षक डॉ हरीप्रकाश यादव ने कहा कि “शिक्षकों का सम्मान किसी भी स्थिति में कम नहीं आंका जा सकता। यदि प्रशासनिक अधिकारी इस प्रकार का व्यवहार करेंगे तो संगठन प्रदेश स्तर पर इसका विरोध करेगा।
प्रदेश आय व्यय निरीक्षक सुरेंद्र प्रताप सिंह एवं प्रदेश मंत्री संदीप शुक्ला ने कहा कि“संगठन शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। यदि जिला स्तर पर इस प्रकार की घटनाएं होती हैं तो यह पूरे संगठन के लिए चिंता का विषय है। प्रदेश स्तर पर भी इस प्रकरण को गंभीरता से लिया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर व्यापक आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी।”
बैठक में प्रदेश आय-व्यय निरीक्षक सुरेंद्र प्रताप सिंह, प्रदेश संगठन मंत्री सुरेश पासी, प्रदेश मीडिया प्रभारी सुधाकर ज्ञानार्थी, प्रदेश मंत्री तीर्थराज पटेल, मण्डल अध्यक्ष मिथलेश मौर्य, मण्डल मंत्री लक्ष्मी नारायण सिंह सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।
इसके अतिरिक्त जिला उपाध्यक्ष राधेश प्रताप सिंह, डॉ. राजेश सिन्हा, गार्गी श्रीवास्तव, विजय विद्रोही, अजय विश्वकर्मा तथा संयुक्त मंत्री आकांक्षा कुशवाहा, रूप चन्द्र सहित सैकड़ों शिक्षकों की उपस्थिति में यह प्रस्ताव पारित हुआ। बैठक में पारित प्रस्ताव के माध्यम से संघ ने जिला विद्यालय निरीक्षक के व्यवहार की कड़ी निंदा करते हुए प्रदेश पदाधिकारियों के सम्मान और संगठन की गरिमा बनाए रखने की मांग की। साथ ही शिक्षकों से संबंधित लंबित समस्याओं पर तत्काल निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही गई। संघ ने यह भी मांग की कि संबंधित अधिकारी इस घटना पर खेद व्यक्त करें और भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति न हो। इसके अलावा 28 मार्च को दिए गए संघ के पत्र पर एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई ना होने पर 8 अप्रैल से डीआईओएस कार्यालय पर क्रमिक धरना प्रारंभ करने की चेतावनी दी गई।







