Home उत्तर प्रदेश जिलाधिकारी के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

जिलाधिकारी के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

अवैध अस्पतालों,क्लीनिकों एवं पैथोलॉजी केन्द्रों के विरुद्ध चला सघन अभियान
SONBADHR NEWS: जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के निर्देशन में जनपद सोनभद्र में अवैध रूप से संचालित निजी अस्पतालों, क्लीनिकों, पैथोलॉजी एवं कलेक्शन सेंटरों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के अंतर्गत बुधवार को मुख्य चिकित्साधिकारी के नेतृत्व में रॉबर्ट्सगंज एवं घोरावल क्षेत्र में व्यापक निरीक्षण अभियान चलाया गया। निरीक्षण के दौरान मानकों का उल्लंघन एवं बिना वैध अभिलेखों के संचालित संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान कलावती क्लीनिक, घोरावल, विश्वास हॉस्पिटल, हेल्थ केयर हॉस्पिटल तथा सम्राट हॉस्पिटल, घोरावल के ओपीडी एवं ऑपरेशन थियेटर (ओटी) को सीज कर दिया गया। इसके अतिरिक्त गुड हेल्थ हॉस्पिटल के ऑपरेशन थियेटर (ओटी) तथा सीटी हॉस्पिटल के ऑपरेशन थियेटर (ओटी) को भी सीज किया गया।वहीं, धनवंतरी हॉस्पिटल, छपका,आशीर्वाद हॉस्पिटल, छपका,कृष्णा हॉस्पिटल,न्यू यथार्थ हॉस्पिटल, उरमौरा, ओम हॉस्पिटल, उरमौरा तथा ओम हॉस्पिटल एवं सर्जिकल सेंटर, रोडवेज बस स्टैंड, रॉबर्ट्सगंज को कमियों के संबंध में नोटिस जारी करते हुए निर्धारित अवधि में स्पष्टीकरण एवं आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।निरीक्षण अभियान के दौरान अवैध रूप से संचालित पैथोलॉजी एवं कलेक्शन सेंटरों की भी जांच की गई।
 जांच में अनियमितताएं पाए जाने पर न्यू अंशिका पैथोलॉजी, डॉ. लाल पैथोलॉजी (शाहगंज एवं घोरावल) तथा निशान हॉस्पिटल के सामने संचालित पैथोलॉजी, रॉबर्ट्सगंज को सीज कर दिया गया। इसके अतिरिक्त लाइफ लाइन हॉस्पिटल,उरमौरा, रॉबर्ट्सगंज के विरुद्ध भी सीज की कार्रवाई की गई। मुख्य चिकित्साधिकारी ने बताया कि जनपद में बिना मानक एवं बिना वैध पंजीकरण के संचालित चिकित्सीय संस्थानों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी रहेगा। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने निर्देश दिए हैं कि आमजन के स्वास्थ्य से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बिना मानकों एवं नियमों के संचालित अस्पतालों, क्लीनिकों एवं पैथोलॉजी केन्द्रों के विरुद्ध नियमित रूप से अभियान चलाकर कठोर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।आमजन से अपील की गई है कि उपचार हेतु केवल पंजीकृत एवं मान्यता प्राप्त अस्पतालों एवं पैथोलॉजी केन्द्रों का ही चयन करें, जिससे सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित हो सकें।