BHADOHI NEWS: कालीन नगरी के कालीन निर्यातक सलमान अहमद विवर्स नोट के हॉनर ने कहा कि अमेरिका द्वारा कालीन उत्पादों पर लगाए गए टैरिफ से उद्योग पर बड़ा असर पड़ेगा। उन्होंने बताया कि अमेरिका से नोटिफिकेशन जारी होते ही टैरिफ लागू हो गया है, जिससे कालीन उद्योग को भारी असर पड़ेगा। सलमान अहमद स्पष्ट कहा कि ऐसे कठिन दौर में हमें अमेरिका का उत्पादन अस्थायी रूप से शून्य (जीरो) करना चाहिए और वहीं अन्य उत्पाद बनाना चाहिए जिसकी मांग अन्य देशों में बनी हुई है। सलमान अहमद ने आरोप लगाते हुए कहा कि अमेरिका की पहले से ही प्लानिंग रही है कि भारत की इकॉनमी को कमजोर किया जाए। हालांकि उन्होंने भरोसा जताया कि भारतीय निर्यातक इस लायक हैं कि वे कारोबार के लिए दूसरा देश तलाश लेंगे। उन्होंने कहा कि उद्योग यह छः महीने साल भर तक प्रभावित रहेगा। उन्होंने कहा कि भारत से बड़ी मात्रा में कालीन अमेरिका में भेजे गए हैं। अमेरिकी खरीदारों का माल कम होते ही वे पुनः भारतीय कालीन खरीदने को मजबूर होंगे। इस स्थिति से निपटने का सरल उपाय यही है कि फिलहाल उत्पादन रोक दिया जाए। उन्होंने कहा कि कालीन उद्योग बहुत ही कठिन दौर से गुजर रहा है। और भारत सरकार से मांग करते हुए कहा कि ऐसी स्थिति में सरकार को विचार करना चाहिए, क्यों कि इस उद्योग में लाखों मजदूर बनकर लगे हुए हैं, उनका भी जीनका के ललन पालन में बड़ी मुश्किल होगा। उन्होंने सीईपीसी और एकमा से आग्रह किया कि वे सरकार के समक्ष कालीन उद्योग की समस्याओं को गंभीरता से रखें। उन्होंने भरोसा जताया कि समस्या का हल निकलेगा।







